छात्रों को बाइबिल वितरण का आरोप,विद्यालय से लगातार अनुपस्थित रहना, कारण बताओ नोटिस लेने से इंकार करने वाला— शिक्षक दीपक तिग्गा निलंबित, 
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छात्रों को बाइबिल वितरण का आरोप,विद्यालय से लगातार अनुपस्थित रहना, कारण बताओ नोटिस लेने से इंकार करने वाला— शिक्षक दीपक तिग्गा निलंबित, 

जशपुर/ 17 फरवरी 2026।
जिले के फरसाबहार विकासखंड अंतर्गत शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय केरसई में पदस्थ व्याख्याता (एल.बी.) श्री दीपक तिग्गा के विरुद्ध गंभीर अनियमितताओं और अनुशासनहीनता के आरोपों पर कड़ी प्रशासनिक कार्रवाई करते हुए लोक शिक्षण संचालनालय, छत्तीसगढ़ ने उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।

यह कार्रवाई कलेक्टर, जिला-जशपुर के पत्र क्रमांक/जि.शि.अधि./शिकायत/2025-26/5402 दिनांक 13 फरवरी 2026 के आधार पर की गई है। निलंबन आदेश नवा रायपुर स्थित संचालनालय कार्यालय से जारी किया गया।

बिना सूचना अनुपस्थित रहना और विद्यालयीन दायित्वों की उपेक्षा

प्रशासनिक जांच में यह पाया गया कि श्री तिग्गा बिना पूर्व सूचना, आवेदन अथवा अवकाश स्वीकृति के विद्यालय से अनुपस्थित रहे। इतना ही नहीं, वे विद्यालयीन समय में उपस्थित नहीं होते थे तथा अध्यापन कार्य छोड़कर अन्यत्र चले जाने की शिकायतें भी सामने आईं।

विद्यालयीन अभिलेखों के परीक्षण में यह भी पाया गया कि शिक्षक दैनंदिनी नियमित रूप से तैयार नहीं की गई और विषय से संबंधित पाठ्यक्रम भी पूर्ण नहीं कराया गया।

सबसे गंभीर तथ्य यह सामने आया कि उपस्थिति पंजी में अनुपस्थित रहने के उपरांत हस्ताक्षर किए गए। प्राचार्य द्वारा जारी कारण बताओ सूचना पत्र की प्राप्ति अभिस्वीकृति देने से भी उन्होंने इंकार कर दिया।

छात्रों को बाइबिल की पुस्तिकाएं बांटने का आरोप

सोशल मीडिया में प्रसारित वेब न्यूज के अनुसार दिनांक 10 फरवरी 2026 को श्री तिग्गा द्वारा विद्यालय में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं को बाइबिल की छोटी-छोटी पुस्तकें वितरित किए जाने का मामला भी सामने आया।

प्रशासन ने इस प्रकरण को भी गंभीरता से लेते हुए जांच प्रतिवेदन में सम्मिलित किया है। हालांकि इस संबंध में विस्तृत जांच की प्रक्रिया अलग से जारी रहने की संभावना जताई जा रही है।

       लोक शिक्षण संचालनालय द्वारा जारी आदेश में स्पष्ट उल्लेख किया गया है कि श्री तिग्गा का उक्त आचरण पदीय दायित्व के निर्वहन में लापरवाही, अनुशासनहीनता एवं स्वेच्छाचारिता का द्योतक है। यह छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम, 1965 के नियम-3 एवं नियम-7 के विपरीत गंभीर कदाचार की श्रेणी में आता है।इसी आधार पर छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम, 1966 के नियम-9(1) के तहत उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया है।

      निलंबन अवधि के दौरान श्री तिग्गा का मुख्यालय कार्यालय जिला शिक्षा अधिकारी, जिला-जशपुर निर्धारित किया गया है। इस अवधि में वे बिना अनुमति मुख्यालय नहीं छोड़ सकेंगे।नियमों के अनुसार निलंबन अवधि में संबंधित कर्मचारी को जीवन निर्वाह भत्ता देय होगा।

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