सारुडीह में मरघट में ईसाई समाज के कब्जे के विरोध में लामबंद हुए ग्रामीण,मृत हिन्दूओ को मतांतरित बताने से मचा बवाल
जशपुर : शहर के नजदीकी गांव सारुडीह में गुरूवार को मरघट की जमीन पर कब्जे को लेकर हिंदू और ईसाई समाज के बीच विवाद की स्थिति बन गईं। हिंदू समाज ने ईसाइयो पर हिन्दुओ के मरघट और सरकारी जमीन पर अतिक्रमण कर कब्जा करने का आरोप लगाते हुए कलेक्टर से शिकायत की है। श्री हनुमान मंदिर पूजा समिति के अध्यक्ष अनिरुद्ध सिन्हा ने बताया कि सारूडीह में श्री चित्र गुप्त मंदिर के पास स्थित जंगल में स्थित मरघट में पीढ़ियों से हिंदू धर्म को मानने वाले लोग अपने स्वजनों का अंतिम संस्कार करते आ रहे हैँ। इस मरघट के एक हिस्से में मतांतरित समाज भी शव को दफनाते आ रहे हैँ। लगभग एक सप्ताह पूर्व ईसाई समाज के लोगो ने पक्की दीवार से पूरे क्षेत्र की घेरा बंदी करना शुरू कर दिया। इससे मरघट जाने का रास्ता तो बाधित हो ही रहा है साथ ही शासकीय जमीन और मनरेगा के तहत खोदे गए तालाब पर भी अतिक्रमण हो रहा है। इससे दो वर्गो के बीच विवाद की स्थिति बनने से क़ानून व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका बन गईं है। स्थानीय रहवासियो ने पूरे मामले की जांच और सीमांकन की कार्रवाई करने की मांग कलेक्टर से की है।
मृतकों को मतांतरित बताने से भड़के लोग -
स्थनीय महिला ने बताया कि जमीन पर अतिक्रमण कर रहे लोग मरघट में हिंदू रीती से दफनाये गए शवों को ईसाई बता रहे है। जबकि दफनाये गए लोगो के स्वजन आज हिंदू धर्मवलम्बी है। नाराज लोगो का कहना है कि पूरी जमीन पर कब्जा करने के लिए यह साजिश रची जा रही है।
